







गोंडा: जिले के 19 आंगनबाड़ी केंद्रों को आदर्श केंद्र के रूप में विकसित किया गया है। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की इस महत्वपूर्ण पहल के तहत इन केंद्रों को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया गया है, जिससे बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं को स्वच्छ, सुरक्षित और अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराया जा सके। इस सुधार अभियान से हजारों बच्चों और महिलाओं को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
आदर्श आंगनबाड़ी केंद्रों की सूची
गोंडा जिले में निम्नलिखित आंगनबाड़ी केंद्रों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है:
- छपिया ब्लॉक: संगवा-1, साबरपुर
- झंझरी ब्लॉक: राम नगर तरहर-2
- बभनजोत ब्लॉक: दौलतपुर माफी-2, बड़हरा, बनगवा
- बेलसर ब्लॉक: देवरदा-1 (पूरे चिरई), पूरे दयाल
- वजीरगंज ब्लॉक: सहिबापुर, दुर्जनपुर घाट, वजीरगंज-1
- कर्नलगंज ब्लॉक: सुदिया
- हलधरमऊ ब्लॉक: कोड़हा जगदीशपुर
- इटियाथोक ब्लॉक: नरौराभर्रापुर, परासराय
- पंडरी कृपाल ब्लॉक: सिसऊ अन्दुपुर
- कटरा बाजार ब्लॉक: सेहरिया कलां
- मनकापुर ब्लॉक: गोहन्ना
मुख्य लाभ
1. बच्चों के सर्वांगीण विकास को बढ़ावा
इन केंद्रों में शैक्षिक चित्रकारी, खेल सामग्री और आधुनिक शिक्षण पद्धतियों को शामिल किया गया है, जिससे बच्चों का मानसिक और शारीरिक विकास तेजी से होगा।
स्वच्छ वातावरण और संतुलित आहार से बच्चों को कुपोषण से बचाने और स्वस्थ रखने में मदद मिलेगी।
2. महिलाओं और गर्भवती माताओं के लिए विशेष सुविधाएं
✅ गर्भवती और धात्री माताओं को पोषण संबंधी जानकारी, स्वास्थ्य सेवाएं और आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
✅ संतुलित आहार मिलने से नवजात शिशुओं का स्वास्थ्य बेहतर होगा और शिशु मृत्यु दर में कमी आएगी।
3. आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और स्थानीय विकास को बढ़ावा
✅आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अब आधुनिक सुविधाओं से युक्त कार्यस्थल मिलेगा, जिससे वे अधिक प्रभावी ढंग से सेवाएं प्रदान कर सकेंगी।
✅ केंद्रों के नवीनीकरण से स्थानीय श्रमिकों और कारीगरों को रोजगार मिला, जिससे क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिला।
भविष्य में और आंगनबाड़ी केंद्रों का होगा कायाकल्प
बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी मनोज कुमार मौर्य ने बताया कि यह पहल एक महत्वपूर्ण शुरुआत है। आने वाले वर्षों में जिले के अन्य आंगनबाड़ी केंद्रों को भी इसी तर्ज पर विकसित किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक बच्चों और महिलाओं को इस योजना का लाभ मिल सके।
गोंडा में आंगनबाड़ी केंद्रों का यह उन्नयन स्वस्थ, शिक्षित और सशक्त समाज की दिशा में एक अहम कदम है, जिससे बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की नींव और अधिक मजबूत होगी।
