







लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में प्रदेश के विकास को लेकर सरकार की योजनाओं का खाका पेश किया। उन्होंने कहा कि सरकार हर जिले और तहसील को फोरलेन से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है, जबकि ब्लॉक मुख्यालयों को टू-लेन सड़कों से जोड़ा जा रहा है। इंटर-स्टेट कनेक्टिविटी का कार्य भी अंतिम चरण में है।
हवाई संपर्क में बड़ी उपलब्धि
CM योगी ने बताया कि 2017 से पहले प्रदेश में केवल दो एयरपोर्ट ही पूरी तरह से संचालित थे, जबकि गोरखपुर और आगरा के एयरपोर्ट आंशिक रूप से कार्यरत थे। लेकिन आज उत्तर प्रदेश में चार अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट और 16 घरेलू एयरपोर्ट पूरी तरह से संचालित हैं, जबकि छह अन्य एयरपोर्ट पर कार्य जारी है। उन्होंने कहा कि देश के सबसे बड़े जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट को अप्रैल 2025 में शुरू कर दिया जाएगा।
नए एक्सप्रेसवे और पुलों की सौगात
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में नए लिंक एक्सप्रेसवे की घोषणा की गई है। गंगा एक्सप्रेसवे को हरिद्वार तक बढ़ाने की मांग पूरी कर दी गई है और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के साथ इसे जोड़ने का कार्य शुरू हो गया है। गाजीपुर से पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को चंदौली होते हुए शक्तिनगर, सोनभद्र तक जोड़ा जाएगा। प्रयागराज में गंगा नदी पर शास्त्री ब्रिज और यमुना नदी पर नैनी ब्रिज के समानांतर दो नए पुलों के लिए बजट स्वीकृत किया गया है।
फैमिली आईडी और पीएम किसान सम्मान निधि से लाभ
CM योगी ने बताया कि सरकार ‘Ease of Living’ यानी सुगम जीवन के लिए विभिन्न योजनाओं पर काम कर रही है। लोगों को मुफ्त आवास, शौचालय और पेंशन की सुविधा दी जा रही है। ड्रोन सर्वे के माध्यम से एक करोड़ लोगों को भूमि के पट्टे उपलब्ध कराए गए हैं। सरकार फैमिली आईडी योजना के तहत भी लाभ दे रही है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सोमवार को पीएम किसान सम्मान निधि की 19वीं किस्त जारी की गई, जिससे उत्तर प्रदेश के किसानों को 5,583 करोड़ रुपये मिले। अब तक प्रदेश के अन्नदाता किसानों को इस योजना के तहत 80 हजार करोड़ रुपये मिल चुके हैं।
कैग रिपोर्ट में बड़ा खुलासा
CM योगी ने विधानसभा में कैग (CAG) रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी के शासन (2012-2016) के दौरान स्कूलों में 7 लाख विद्यार्थियों की संख्या घटी थी। उस समय 6.22 लाख बच्चों को किताबें ही नहीं मिलीं। 32.21% बच्चों को स्कूल खुलने के बाद पांच महीने तक किताबें नहीं दी गईं। 2010-16 के बीच 18.35 करोड़ किताबों के बदले सिर्फ 5.91 करोड़ किताबें ही अगस्त तक छात्रों को उपलब्ध कराई गई थीं।
CM योगी के बयान पर सपा का पलटवार
विधानसभा में योगी आदित्यनाथ के बयान पर समाजवादी पार्टी के नेता भड़क उठे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री अपने होश में नहीं हैं। वहीं, शिवपाल यादव की मांग को लेकर योगी आदित्यनाथ ने तंज कसते हुए कहा कि स्वामी प्रसाद मौर्य को शिवपाल के “झुनझुने” में नहीं आना चाहिए था।
प्रदेश में तेजी से हो रहे इंफ्रास्ट्रक्चर विकास, सड़क और हवाई कनेक्टिविटी को लेकर सरकार के इन बड़े ऐलानों पर राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है।
