बढ़ती फीस और निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ छात्रों की हुंकार: छात्र कांवड़ यात्रा का भव्य आगाज़-:शिवम पांडेय

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राष्ट्रीय छात्र पंचायत ने तिरंगे के साथ निकाली 125 किलोमीटर लंबी प्रतीकात्मक यात्रा, मुख्यमंत्री से मांगेंगे फीस रेगुलेशन बिल लाने की अपील

कर्नलगंज, 25 जुलाई – राज्य में निजी स्कूलों द्वारा मनमाने तरीके से बढ़ाई जा रही फीस और छात्रों के शोषण के खिलाफ राष्ट्रीय छात्र पंचायत ने आज एक अनोखी पहल करते हुए ‘छात्र कांवड़ यात्रा’ का शुभारंभ किया। गांधी पार्क से विधिविधान से पूजा-अर्चना कर, तिरंगा लहराते हुए सैकड़ों छात्रों और युवा कार्यकर्ताओं ने यात्रा की शुरुआत की। यह यात्रा 125 किलोमीटर की दूरी तय करके राजधानी लखनऊ स्थित मुख्यमंत्री आवास पर समाप्त होगी, जहां कार्यकर्ता मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को प्रतीकात्मक जलाभिषेक कर शिक्षा क्षेत्र में आवश्यक सुधारों की मांग करेंगे।

 

यात्रा के दौरान कार्यकर्ताओं ने देशभक्ति गीतों के साथ माहौल को ऊर्जावान बनाया और पूरे रास्ते शिक्षा सुधार और निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ नारेबाज़ी की। यह आंदोलन न केवल बढ़ती फीस पर अंकुश लगाने की मांग करता है, बल्कि एक मजबूत और पारदर्शी ‘फीस रेगुलेशन बिल’ को आगामी मानसून सत्र में पारित कराने की दिशा में दबाव बनाने का प्रयास है।

 

प्रतीकात्मक आंदोलन बना जनआंदोलन का स्वरूप

इस यात्रा को राष्ट्रीय छात्र पंचायत के अध्यक्ष शिवम पांडेय ने “एक प्रतीकात्मक आंदोलन” करार दिया। उनका कहना है कि शिक्षा का निजीकरण अब एक गंभीर समस्या बन चुका है, जहाँ स्कूल प्रबंधन अभिभावकों पर आर्थिक बोझ डालकर शिक्षा को व्यापार का रूप दे रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि सरकार अब भी नहीं जागी, तो यह छात्र आंदोलन व्यापक जनांदोलन में बदल जाएगा।

 

कर्नलगंज में हुआ भव्य स्वागत

यात्रा जब कर्नलगंज पहुंची, तो वहाँ कार्यकर्ताओं का भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर कई युवा नेता और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से अनुपम पांडे करुवा, अंकित गोस्वामी, आदर्श गोस्वामी, विशाल गोस्वामी, सुमित, गुड्डू बाबा, बाल योगी गणेश नाथ, राजीव तिवारी, यशराज सिंह और धोनी वाल्मीकि शामिल थे। सभी ने एक स्वर में छात्र हितों की रक्षा के लिए संघर्ष को जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई।

राष्ट्रीय युवा शक्ति संगठन के जिलाध्यक्ष अनुपम पांडे ने शिवम पांडे को “छात्रों का मसीहा” बताते हुए कहा कि “आज के समय में जब छात्र अपनी समस्याओं को उठाने से डरते हैं, ऐसे में शिवम पांडे ने न केवल आवाज़ उठाई है, बल्कि पूरे राज्य में छात्र हितों की चेतना जगा दी है।”

लखनऊ में होगा समापन, मुख्यमंत्री को सौंपा जाएगा ज्ञापन

यात्रा जरवल रोड पर रात्रि विश्राम के बाद शुक्रवार सुबह पुनः शुरू होगी और 26 जुलाई को मुख्यमंत्री आवास, लखनऊ पहुंचेगी। वहाँ शिवम पांडे और उनके साथियों द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को जलाभिषेक कर प्रतीकात्मक तरीके से शिक्षा के क्षेत्र की ‘शुद्धिकरण’ की अपील की जाएगी। साथ ही फीस रेगुलेशन बिल को मानसून सत्र में लाने की मांग को लेकर ज्ञापन भी सौंपा जाएगा।

बढ़ती फीस और निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ छात्रों की हुंकार: छात्र कांवड़ यात्रा का भव्य आगाज़

राष्ट्रीय छात्र पंचायत ने तिरंगे के साथ निकाली 125 किलोमीटर लंबी प्रतीकात्मक यात्रा, मुख्यमंत्री से मांगेंगे फीस रेगुलेशन बिल लाने की अपील

छात्र कांवड़ यात्रा ने न केवल प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया है, बल्कि यह छात्रों और अभिभावकों के बीच शिक्षा के अधिकार को लेकर एक नई चेतना का संचार कर रही है। यह यात्रा अब केवल एक आंदोलन नहीं, बल्कि एक जनसमर्थन अभियान का रूप लेती जा रही है।

शिवम पांडे और उनकी टीम का यह साहसी कदम आने वाले समय में छात्रों के हित में कोई ठोस नीति निर्धारण करवा सके, यह उम्मीद की जा रही है। यदि सरकार इस आवाज़ को गंभीरता से लेती है, तो यह आंदोलन शिक्षा के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी बदलाव की शुरुआत हो सकता है।

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