








गोण्डा। प्रदेश में पत्रकारों पर बढ़ते हमलों और दुर्व्यवहार की घटनाओं को लेकर द जर्नलिस्ट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने शनिवार को कर्नलगंज तहसील पहुंचकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी नेहा मिश्रा को सौंपा। संगठन ने प्रदेश में पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा पत्रकार सुरक्षा अधिनियम जल्द लागू करने की मांग की।
ज्ञापन में संगठन ने प्रदेश में पत्रकारों के साथ हो रही हिंसक घटनाओं पर गहरी चिंता जताई। विशेष रूप से गोरखपुर जिले के बांसगांव क्षेत्र में 27 फरवरी को पत्रकार एवं अधिवक्ता अग्निवेश सिंह की दिनदहाड़े पीट-पीटकर की गई हत्या का उल्लेख किया गया। बताया गया कि नाली विवाद के दौरान दबंगों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर उनकी निर्मम हत्या कर दी, जिसमें उनके भाई और पिता भी घायल हो गए। मामले में पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
संगठन ने मांग की कि इस घटना की निष्पक्ष व त्वरित जांच कर दोषियों को कठोर सजा दी जाए। साथ ही पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की भी मांग की गई।
ज्ञापन में वाराणसी स्थित श्री काशी विश्वनाथ धाम में रंगभरी एकादशी के दौरान कवरेज कर रही एक महिला पत्रकार के साथ कथित दुर्व्यवहार की घटना का भी जिक्र किया गया। आरोप है कि एसीपी सुरक्षा अंजनी कुमार राय ने महिला पत्रकार के साथ अनुचित व्यवहार करते हुए उसे धक्का दिया और उसके सहयोगी को थप्पड़ मार दिया।
द जर्नलिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में पहुंचे पत्रकारों ने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर सीधा हमला हैं। यदि पत्रकार सुरक्षित नहीं होंगे तो स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता संभव नहीं हो सकेगी। इसलिए प्रदेश सरकार को पत्रकारों की सुरक्षा के लिए ठोस कानून बनाना चाहिए।
इस दौरान एमडी मौर्य, पवनदेव सिंह, प्रवीण श्रीवास्तव, अभय प्रताप सिंह, शिवकुमार पाण्डेय, अवधराज गोस्वामी, अमरेश प्रजापति, रविकांत मिश्र सहित कई पत्रकार मौजूद रहे। उपजिलाधिकारी नेहा मिश्रा ने ज्ञापन प्राप्त कर उसे उच्चाधिकारियों तक भेजने का आश्वासन दिया।
Author: HIND LEKHNI NEWS
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