किसानों को प्राकृतिक और टिकाऊ खेती के प्रति किया जागरूक, मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने की दी जानकारी

बहराइच। प्रदेश में किसानों की आय बढ़ाने और खेती को बेहतर बनाने के उद्देश्य से ग्रो इंडिगो कंपनी की ओर से किसान बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में कंपनी के टीबीएम अंशू मिश्रा ने किसानों को सीधी बिजाई और टिकाऊ खेती के फायदे बताए। उन्होंने कहा कि किसान खेती के पुराने तरीकों में बदलाव कर कार्बन क्रेडिट के माध्यम से अतिरिक्त आय भी प्राप्त कर सकते हैं।
अंशू मिश्रा ने बताया कि ग्रो इंडिगो किसानों को कम जुताई, धान की सीधी बिजाई, जीरो टिलेज, कम जुताई और फसल अवशेषों को न जलाने जैसी आधुनिक कृषि पद्धतियां अपनाने के लिए प्रोत्साहित करती है। इसके साथ ही धान की खेती में पानी के बेहतर प्रबंधन के लिए वैकल्पिक गीला और सूखा तरीका (एडब्ल्यूडी) अपनाने की जानकारी भी दी जाती है।
उन्होंने बताया कि इन तरीकों को अपनाने से मिट्टी की गुणवत्ता में सुधार होता है और ग्रीनहाउस गैसों का उत्सर्जन कम करने में मदद मिलती है। कंपनी किसानों को कार्बन क्रेडिट कार्यक्रम से जोड़ती है, जिससे निर्धारित नियमों और पात्रता के अनुसार उन्हें अतिरिक्त आर्थिक लाभ मिल सकता है।
उन्होंने कहा कि लगातार रासायनिक खादों के इस्तेमाल से मिट्टी की गुणवत्ता प्रभावित होती है। ऐसे में टिकाऊ खेती अपनाकर मिट्टी में जैविक पदार्थ और लाभकारी सूक्ष्मजीवों की मात्रा बढ़ाई जा सकती है। इससे मिट्टी की उर्वरता बनी रहती है और खेती को लंबे समय तक लाभकारी बनाया जा सकता है।
बैठक में किसानों को कम लागत में बेहतर उत्पादन प्राप्त करने और पर्यावरण के अनुकूल खेती अपनाने के लिए जागरूक किया गया।
Author: HIND LEKHNI NEWS
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